निवेदन.... ![]()
ब्रह्मनिष्ठ परम पूज्य श्री गुरूजी का संपूर्ण जीवन इतना अधिक सादा और सरल है कि उनको देखकर किसीको यह विचार भी नही आता है कि इस शुभ्रवेश में एक महान ब्रह्मनिष्ठ संत रात दिन लोक-कल्याण में रत है उन्हीं के पावन सान्निध्य में रहकर जिन्होंने आत्मज्योति जलाई ऐसे ब्रह्मनिष्ठ पूज्यपाद श्री गुरूजी द्वारा वही कार्य इस प्रकार हो रहा है जैसे एक बीज विशाल वटवृक्ष के रूप में फूल फल रहा हो...तो आइये उनके पावन दर्शन और सांनिध्य पाकर हम अपना जीवन धन्य कर लें...एक बार प्रेम से बोलो " गुरुदेव भगवान की जय " ...... |
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